केंद्र में जब से बीजेपी सरकार (Modi government) आई है तभी से UAPA कानून सबसे ज्यादा चर्चा में है....केंद्रीय गृह मंत्रालय (Ministry of Home Affairs) ने संसद (Parliament) में जानकारी दी है कि साल 2016-2019 के बीच यूएपीए (UAPA) के तहत दर्ज मामलों में से केवल 2.2% मामलों में ही दोष साबित हुआ है...यानी सिर्फ आरोपी 100 फीसदी हैं लेकिन दोषी सिर्फ 2.2 फीसदी पाए गए हैं
